पोस्ट

मई, 2015 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

बालभवन जबलपुर में व्यक्तित्व सम्प्रेषण क्षमता के विकास एवं मोटिवेशन शिविर से बच्चे लाभान्वित हो रहे हैं

इमेज
बच्चों के सम्पूर्ण विकास की कल्पना उसके व्यक्तित्व के विकास के बिना संभव कदापि नहीं बच्चों को आत्मसाहस का बीजारोपण करने वाले हज़ारों उदाहरण आज भी दुनिया में प्रेरक प्रसंगों में मौजूद हैं जो बच्चों में आत्मसाहस एवं विश्वास का बीजारोपण करने में सहायक साबित होंगे . तदाशय के विचार श्री पाठक जिला परियोजना समन्वयक जबलपुर ने बालभवन जबलपुर में आयोजित व्यक्तित्व विकास , विचार सम्प्रेषण एवं करियर मार्गदर्शन शिविर के उदघाटन सत्र में व्यक्त किये . कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए श्रीमती मनीषा लुम्बा संभागीय उप संचालक , महिला सशक्तिकरण ने कहा कि –“बच्चों को अधिक से अधिक ज्ञान प्राप्त करने के लिए अब अवसर के दरवाज़े  खुले हुए हैं, इस क्रम में  बालभवन जबलपुर की टीम ने मौजूदा  संसाधनों से जिस तरह  अधिकतम प्रयास एवं प्रयोग किये जा रहे हैं उससे बच्चों को लाभ मिल रहा है . जो सराहनीय है ”  इस अवसर पर " लाडो-मेरी- लाडो " आडियो एलबम की संगीत निर्देशिका सुश्री शिप्रा सुल्लेरे के प्रेरक व्यक्तित्व की सराहना करते हुए कार्यक्रम अध्यक्ष श्रीमती लुम्बा ने   सुश्री सुल्लेरे को पुष्प-गुच्छ देकर सम्मानित