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महिला बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित पोषण सभा में पहुंचे माननीय मुख्यमंत्री कमलनाथ जी

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दिनांक 21 सितंबर 2019 को मध्य पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के तरंग सभागार में आयोजित पोषण सभा में 👉 उपस्थित हुए जहां माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा महिला बाल विकास द्वारा लगाई गई पोषण व्यंजनों की प्रदर्शनी तथा श्री एन एस तोमर संयुक्त संचालक महिला बाल विकास के मार्गदर्शन में बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ पर केंद्रित प्रदर्शनों का अवलोकन किया , बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान के संकल्प पत्र पर भी हस्ताक्षर किए गए   माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा इस अवसर पर कुमारी मुस्कान किरार आत्मजा श्रीमती माला किरार एवम श्री वीरेंद्र किरार को बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के ब्रांड एंबेसडर के रूप में तथा कुमारी उन्नति तिवारी आत्मजा श्रीमती शोभना श्री गौरी शंकर तिवारी को पॉक्सो ब्रांड एंबेसडर के रूप में क्राउन पहनाकर सम्मानित किया गया । क्रम के अंतर्गत ई सी ई केंद्रों के कार्यों से संबंधित सारेगामा गायन प्रतियोगिता में सम्पूर्ण देश में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली और लाडो अभियान की पूर्व ब्रांड एम्बेसेडर इशिता विश्वकर्मा को भी सम्मानित किया ।   वृत्तचित्र का विमोचन ईसीई गतिविधियों पर केंद्रित वृतचित्र ( निर्देश

नेत्रज्योति विहीन पर स्वर सामर्थ्य से युक्त हैं हम...!

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*नेत्र दिव्यांग छात्राओं के लिए संकल्पित बालभवन जबलपुर* हाल ही स्वच्छ भारत अभियान के लिए इस बार बालभवन ने एक जबरदस्त प्रयोग किया । इस प्रयोग में नेत्रहीन कन्या विद्यालय की 23 बालिकाओं को स्वच्छ भारत अभियान पर केंद्रित समूह गीत गायन का प्रशिक्षण दिया गया है । स्मरण हो विगत वर्ष संभागीय बाल भवन जबलपुर द्वारा नेत्र दिव्यांग बेटियों को संगीत सिखाने की मुहिम छेड़ रखी है इस संगीत कक्षा का शुभारंभ नि:शक्तजन कल्याण मंत्री श्री लखन घनघोरिया जी ने किया था । और इस वर्ष हमने इन बेटियों को विधिवत एक प्रोफेशनल ग्रुप के रूप में तैयार भी कर दिया है । *संगीत प्रशिक्षण का संकल्प कैसे साकार हुआ* भंवरताल स्थिति नेत्रहीन विद्यालय जो एक आवासीय संस्थान है में संगीत के उपकरणों की प्राथमिक ज़रूरत को पूर्ण करने के उपरांत ही बालिकाओं को संगीत की विधिवत शिक्षा दी जा सकती थी अतः यह समस्या सहज ही मेरे 89 वर्षीय पिता श्री काशीनाथ जी बिल्लोरे एवं मेरे बड़े भाई श्री सतीश बिल्लोरे जी ने हाल कर दी । तदुपरांत बालभवन से जोड़कर प्रशिक्षण प्रारम्भ किया गया । बालिकाओं को संगीत सिखा कर उन्हें प्रोफेशन